कामवासना डॉट नेट

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मेरा नाम महेश है और मैं उत्तरप्रदेश के एक छोटे से गांव में मेरा घर है। घर पर मैं, मेरी बीवी, मेरी माँ और मेरे दो बच्चे रहते हैं। मैं मिर्जापुर में एक सेठ के यहाँ नोकरी करता हूँ। मिर्जापुर मेरे गांव से दूर पड़ता हैं तो मैं मिज़ापुर में ही रहता हूँ और हफ्ते में एक बार ही घर जा पाता हूँ। मुझे दस हजार महीने के मिल जाते हैं तो मेरा बस गुजारा हो जाता था। मैं अच्छा पढ़ा लिखा था लेकिन फिर भी कोई ढंग की नौकरी नहीं मिल रही थी। मेरी बीवी भी पढ़ी लिखी हैं पर फिलहाल घर ही संभालती हैं।

 

 

सब ठीक ठाक चल रहा था लेकिन सरकार के द्वारा लॉकडाउन लगाने के बाद सब काम धंधा बंद हो गया। फिर कुछ दिन तो मैं मिर्जापुर में ही रहा लेकिन कुछ काम ही नहीं चल रहा था तो सेठ ने मुझे घर जाने के लिए कह दिया। फिर मैं अपने घर आ गया। घर आने से पहले सेठ ने मुझे कुछ पैसे दिए। लेकिन वो पैसे बहुत कम थे। अब सेठ भी बेचारा क्या करता। उसका सब धंधा बंद पड़ा था तो वो मुझे ज्यादा पैसे कैसे दे देता। फिर घर आने के बाद मैं बस सारा दिन घर पर ही रहता। बच्चे पढ़ते और फिर खेलने लग जाते और फिर खाना खाकर सो जाते। मेरी माँ उनका ख्याल रखती और वो नीचे ही रहते। मैं और बीवी छत पर एक कमरा बना है उसमें रहते। अब और कोई काम नहीं था तो मैं और बीवी दिन भर चुदाई करते और रात को भी यही प्रोग्राम चलता रहता। मेरी बीवी काफी बातूनी हैं और मुझसे काफी सेक्सी बातें करती हैं। जिससे मेरा मूड बना ही रहता और हम बस चुदाई करते रहते। मेरी और बीवी की बहुत अच्छी बनती हैं। जिस कारण हम दोनों एक दूसरे को बहुत अच्छे से समझते हैं। फिर बस ऐसे ही चलने लगा।

फिर एक दिन जब मैं बीवी की चुदाई कर रहा था तो बीवी के फोन पर एक कॉल आई। बीवी को मैंने थोड़े दिन पहले ही एक नया फोन लेके दिया था। इस फोन से हमारी जिंदगी पूरी तरह बदल गई। फिर बीवी ने चुदवाते चुदवाते ही फोन उठा लिया और बात करने लगी। तब बीवी हांफ रही थी और सिस्कारियाँ भी निकल रही थी। जब कोई आदमी फोन पर किसी लड़की की ऐसी आवाजें सुनेगा तो उसे फट से पता चल जाएगा के वो किसी से चुदवा रही हैं। फिर मैं झड़ने वाला था तो मैं बीवी को कसकर चोदने लगा और बीवी ने फोन चालू ही छोड़कर मेरा साथ देने लगी। फिर मैं और वो दोनों झड़ गए और शांत हो गए। फिर बीवी ने फोन लाउडस्पीकर पर डाल दिया और बात करने लगी। फिर उस आदमी ने बीवी से पूछा के उसका नाम क्या हैं और वो कहाँ से बोल रही हैं। लेकिन बीवी ने कुछ नहीं बताया और फिर बीवी ने यही सवाल उस आदमी से किया तो उसने अपना नाम सोहन बताया और बताया के वो दिल्ली का रहने वाला हैं। वो कोई रॉंग नंबर था। ये बात हम भी जानते थे और वो आदमी भी जानता था। लेकिन फिर भी बातें चलने लगी। फिर उस आदमी ने बीवी से पूछा के वो किससे चुदवा रही थी तो फिर बीवी ने कह दिया के अपने बॉयफ्रेंड से। फिर सोहन यानी वो फोन वाला आदमी बोला के तुम दिखने में बहुत खूबसूरत होगी। अब बीवी भी कौनसी कम थी।

 

 वो बोली के हाँ वो तो हूँ। फिर ऐसे ही उनकी बातें चलती रही और बीवी उसकी हर बात का जवाब बहुत मजे से दे रही थी। मैं भी उनकी बातें सुनता रहा। फिर मैंने बीवी से फोन काटने के लिए कहा तो फिर बीवी ने उस आदमी से कहा के मुझे अब काम हैं तो मैं फोन रख रही हूँ। फिर उस आदमी ने थोड़ी देर बाद फोन करने के लिए कहा तो फिर बीवी ने मना कर दिया। फिर उस आदमी ने बीवी से कहा वो अकेला है उसका मन नहीं लगता हैं। फिर बीवी बोली के तो मैं क्या करूं। फिर वो सोहन बोला के तुम बहुत अच्छी बातें करती हो। तुम्हारी जैसी लड़कियां बहुत कम होती हैं। तुम चाहे मुझसे पैसे ले लो पर बात कर लो। फिर ये सुनकर मैंने इशारे से बीवी से फोन रखने के लिए कहा। लेकिन तभी बीवी ने पूछ लिया के कितने पैसे दोगे। फिर वो आदमी बोला के तुम चाहो उतने। फिर बीवी ने उससे कहा के हर दिन बात करने के 100 रुपये लूँगी। इस बात पर वो आदमी मान गया। फिर बीवी ने उससे कहा के मेरा ये नंबर paytm से जुड़ा है तो तुम इस पर पैसे भेज देना। फिर मैं अपने आप बाद में कॉल कर लूँगी और बार बार मुझे कॉल करके परेशान मत करना। फिर इतनी बात कहकर बीवी ने फोन काट दिया। फिर बीवी मेरी तरफ देखकर हँसने लगी। फिर मैं बीवी को डांटने लगा और बोला के कुछ जरूरत हैं बात करने की और ऐसे पैसे कौन दे देगा। फिर बीवी बोली के सिर्फ बात ही तो करनी हैं। वो कौनसा हमारे घर आ रहा है। 

 

अब और कोई काम तो हैं नहीं तो साथ मे टाइम पास हो जाएगा और कुछ पैसे भी मिल जाएंगे। फिर मैंने कहा के वो पैसे नहीं भेजेगा। फिर बीवी बोली के ना भेजे अपना क्या जाता हैं। फिर दोपहर हो गई तो हम सो गए। कुछ देर बाद उठे तो मैंने देखा के बीवी के फोन पर paytm का मैसेज आया था जिसमे किसी नंबर से 1000 रुपये भेजे गए थे और साथ मे व्हाट्सएप्प पर भी किसी अनजान नंबर से मैसेज आया था। ये देखकर मैंने बीवी को उठाया और उसे ये सब बताया तो फिर वो उठकर देखने लगी। ये देखकर वो काफी खुश हुई और मुझसे बोली के देख लो उसने पैसे भेज दिए। फिर मैं भी थोड़ा खुश होते हुए बोला के हां भेज तो दिए है और वो भी 1000 रुपये भेजे है। शायद 10 दिन के एक साथ भेजे है। फिर बीवी ने कहा के हां। उसका व्हाट्सएप्प पर भी मैसेज आया हैं और बोला है के 10 दिन के पैसे एक साथ ही भेज दिए है। फिर बीवी ने उसे शाम को बात करने का मैसेज लिखकर भेज दिया। फिर उसने Ok लिखकर भेजा।

फिर हम नीचे आये और बीवी ने चाय बनाई और फिर हम चाय पीने लगे। आज बीवी के चेहरे पर एक अलग ही मुस्कान थी। वो खुशी खुशी सारा काम जल्दी जल्दी कर रही थी। फिर शाम होते होते बीवी ने सारा काम कर लिया। फिर अंधेरा होने के बाद मैं और बीवी ऊपर आ गए। बच्चे मां के साथ निचे ही रहे। फिर ऊपर आने के बाद हम दोनों कमरे से बाहर बैठ गए और बातें करने लगे। मुझे जितनी समझ थी उस हिसाब से मैं बीवी को समझाने लगा। फिर बीवी मुझसे बोली के मैं ये सिर्फ अपने परिवार के लिए कर रही हूँ। अगर आपको पसंद नहीं हैं तो मैं उसे पैसे वापिस भेज देती हूँ। फिर बीवी मायूस होकर बैठ गई। फिर मैंने बीवी को अपनी बाहों में लिया और बोला के अगर तुम्हे इसमें मजा आता हैं तो ठीक हैं। ये सुनकर बीवी खुश हो गई। फिर इतने में उस सोहन का फोन आ गया और फिर बीवी उससे बातें करने लगी। पहले वो नॉर्मल बातें करते रहे और फिर वो सेक्सी बातें करने लगे। बीवी नंगी हो गई और अपनी चुत सहलाने लगी। मैं भी नंगा होकर अपना लंड सहलाने लगा। फिर मैंने बीवी को लेटाया और उसकी चुत चुसने लगा। बीवी उससे बातें करती रही और साथ मे सिस्कारियाँ लेने लगी। मेरी बीवी किसी और मर्द से सेक्सी बातें कर रही थी और मैं बीवी की चुत चाट रहा था। फिर बीवी ने फ़ोन स्पीकर पर डालकर अपने पास छोड़कर बातें करने लगी और मैं बीवी की चुत में लंड डालकर करने लगा। बीवी की मादक सिस्कारियाँ सुनकर सोहन भी गर्म हो गया और फिर वो भी अपना लंड हिलाने लगा। फिर वो झड़ा तो उसने अपने लंड की फ़ोटो खींचकर भेजी। फिर उसने बीवी से भी अपनी चुत और बूब की फ़ोटो भेजने के लिए कहा तो बीवी ने भेज दी। फिर वो वीडियो कॉल के लिए कहने लगा तो फिर बीवी ने उसे तब तो मना कर दिया और बोला के अब अंधेरा बहुत हैं कल दिन में करूँगी वीडियो कॉल।

इस तरह उनकी बातें आधी रात तक चलती रही। फिर बीवी ने नींद आने का बहाना लगाकर फोन काट दिया। फिर मैं और बीवी बातें करने लगे। फिर मैंने बीवी से कहा के तुम उससे सेक्सी बातें कर रही थी तो तुम्हारी बातें सुनकर मैं काफी गर्म हो गया था। फिर बीवी बोली के हां मुझे पता चल गया था। फिर बीवी बोली के साथ मे पैसे आ रहे हैं और साथ मे मजे भी कर रहे हैं। मैं बोला के हाँ। फिर बीवी बोली के अब रोज ऐसे ही मजे किया करेंगे। फिर हम बातें करते करते नंगे ही सो गए। रात को देरी से सोने के कारण हम सुबह जल्दी नहीं उठ पाए। इस कारण मेरी माँ नीचे से आवाज देने लगी। लेकिन तब भी हमे जाग नहीं आई तो फिर मेरी माँ ऊपर ही आ गई। माँ ऊपर आई तब बीवी तो पूरी नंगी लेटी थी और मैं कम्बल ओढ़कर सोया था। फिर मां ने बीवी को जगाया तो बीवी मां को देखकर थोड़ी घबरा गई और फिर वो जल्दी से अपने कपड़े पहनकर नीचे चली गई। माँ ने हमे थोड़ा डाँटा लेकिन ज्यादा कुछ नहीं कहा। बीवी भी थोड़ा माँ से डरती है तो इस कारण वो भी कुछ नहीं बोली।

फिर उस दिन दोपहर से पहले बीवी ने सब काम किया और फिर हम ऊपर आ गए। फिर फोन देखा तो सोहन की वीडियो कॉल आई हुई थी। फिर बीवी सब कपड़े खोलकर नंगी हो गई और मैं भी नंगा हो गया। फिर बीवी ने उसे वीडियो कॉल करके अपने पूरे बदन को दिखाने लगी। फिर बीवी एक हाथ से मेरा लंड हिलाने लगी और ये भी बीवी ने उसे दिखाया। फिर उसने भी अपना लंड दिखाया। मेरा लंड पूरा तन कर खड़ा हो चुका था तो फिर मैं लंड बीवी की चुत में डालकर चुदाई करने लगा। फिर बीवी ये सब उसे भी दिखाने लगी। फिर थोड़ी देर बाद मैं झड़ने वाला हुआ तो मैंने लंड बाहर निकालकर सारा पानी बीवी की चुत पर डालने लगा। इतने में सोहन भी झड़ने लगा। उसके लंड से निकलता हुआ पानी हमे साफ दिखने लगा। इस प्रकार हम तीनों झड़ गए। फिर पूरी दोपहर तक बीवी उससे बातें करती रही। 2-3 घंटे बात करने के बाद बीवी ने फोन काट दिया और फिर हम सो गए।

फिर थोड़ी देर बाद हम उठकर नीचे आ गए। फिर हम सबने चाय पी। चाय पीने के बाद मां बच्चों के साथ पड़ोस में चली गई तो फिर मैं और बीवी घर पर अकेले रह गए। बीवी घर का काम कर रही थी और मैं बैठा बैठा दोपहर वाली बातों को याद कर रहा था। आज बीवी ने पराए मर्द को अपने बदन के दर्शन करवाये। ये सोचकर मैं गर्म होने लगा और अपना लंड अपनी पैंट से बाहर निकालकर सहलाने लगा। फिर जब बीवी ने मुझे ऐसा करते हुए देखा तो वो मुस्कुराने लगी। फिर मुझसे रहा नहीं गया तो फिर मैंने बीवी को अपने पास बुलाया और फिर उसके मुँह में लंड डाल दिया तो वो चुसने लगी। फिर बीवी भी गर्म हो गई तो फिर मैंने उसे वहीं घोड़ी बना लिया और उसकी सलवार खोलकर चुदाई करने लगा। फिर कुछ देर बाद मैं झड़ गया तो फिर बीवी सलवार पहनकर काम करने लग गई और मैं नहाने चला गया। फिर कुछ देर बाद माँ और बच्चे आ गए। फिर इतने में शाम हो गई तो फिर हम सबने खाना खाया और फिर मैं ऊपर छत पर आ गया और कुछ देर बाद बीवी भी आ गई। फिर हम दोनों नंगे होकर लेट गए। तभी उस सोहन का फोन आ गया तो बीवी उससे बात करने लगी। इस प्रकार बीवी पूरे 10 दिनों तक उससे बातें करती रही और साथ मे हम मस्ती करते रहे। फिर मैंने बीवी से बोला के एक ही मर्द से बातें करोगी तो पैसे कम ही आएंगे। फिर बीवी बोली के और मर्दों से कैसे कांटेक्ट करें। फिर बीवी थोड़ा सोचने लगी और फिर उसे एक आईडिया आया। उसने फेसबुक, इंस्टाग्राम और ट्विटर वगेरह पर अकॉउंट बनाया और फिर उन पर अपनी सेक्सी फ़ोटो डालने लगी। फिर कुछ ही दिनों में लोग उसकी फोटो पर कमेंट में अपने नंबर लिखने लगे। फिर बीवी उन नम्बरो पर मर्दों से कांटेक्ट करती और फिर पहले तो उनसे कम पैसों में ही बातें वगेरह करती और जब उन्हें चस्का लग जाता तो फिर बीवी उनसे एक दिन के 500 रुपये तक लेने लगी।

इस प्रकार बीवी रोज 5-6 मर्दों से बातें करती और एक दिन के लगभग 2000 से 3000 रुपये तक कमाने लगी। फिर कुछ ही महीनों में हमने लाखों रुपये कमा लिए। बीवी का बात करने का लहजा इतना सेक्सी था के एक दिन एक मर्द ने बोला के तुम 500 की जगह मुझसे 5000 रुपये ले लो और सारा दिन बस मुझसे ही बात करती रहो। फिर बीवी ने उसे हां बोल दिया तो फिर बीवी बस उसी से बात करने लगी। फिर इसके एक और मर्द ने बीवी से ऐसा ही कहा तो फिर बीवी उससे भी बात करने लगी। इस प्रकार उस महीने हमने 3 लाख रुपये कमाए।

अब इतने पैसे हो गए थे तो मैं घर पर फ्रिज और दो एयर कंडीशनर लेकर आया। एक एयर कंडीशनर नीचे और दूसरा ऊपर हमारे कमरे में लगवा लिया और कुछ लोगो का उधार था हम पर वो भी उन्हें लौटा दिया और बच्चों की ट्यूशन लगवा दी जो कि पहले पैसे ना होने के कारण मैं नही लगवा पा रहा था। फिर मैं बाकी बचा पैसा बैंक से निकालकर घर पर ले आया जो कि लगभग 5 लाख रुपये थे। मैं इतना खर्चा कर रहा था तो माँ मुझसे पूछती के तू इतना पैसा कहां से लेकर आया तो मैं कोई बहाना लगाकर टाल देता और माँ को कुछ नहीं बताता। लेकिन फिर एक दिन माँ मुझसे कहने लगी के तू सच सच बता के इतना पैसा कहां से आया तेरा पास। तू कहीं जुआ तो नहीं खेलने लग गया है। इस प्रकार माँ काफी देर तक मुझसे पूछती रही तो फिर मैंने सोचा के माँ से कितने दिन और छुपायेंगे, आज सब सच बता ही देता हूँ। फिर मैंने माँ को सब सच बता दिया और मेरे पास पड़े पांच लाख रुपये कैश ले जाकर माँ के सामने रख दिये तो माँ उन पैसों को देखती ही रह गई। हम काफी गरीब थे। इतने पैसे तो हमारी पीढ़ियों में किसी ने नहीं देखे थे। बीवी भी वहीं पास ही खड़ी थी। फिर हम दोनों ने मिलकर माँ को सब बताया और सब कुछ समझाया। अब माँ भी क्या बोलती। पैसे आ रहे थे तो माँ ने कुछ नहीं कहा।

 

 फिर माँ ने मुझसे कहा के तू पैसे ऐसे खर्च मत कर नहीं तो लोगो को शक हो जाएगा। तो इन पैसों से शहर में कोई घर खरीद ले और प्लाट वगेरह खरीद ले। फिर मैंने कहा के ठीक हैं। अब माँ को भी पता लग चुका था तो फिर अब हमें कोई डर नहीं था। फिर बीवी देर रात तक मर्दों से बाते करती और साथ मे हम मस्ती करते और फिर सुबह हम देरी से उठते तो फिर माँ खुद हमारे लिए चाय बनाकर लाती। मम्मी चाय देने आती तो मैं और बीवी नंगे ही सोये रहते थे। फिर मम्मी बीवी को उठाती तो फिर बीवी उठकर मेरे ऊपर कम्बल डाल देती और खुद मम्मी के सामने कपड़े पहनने लग जाती। मम्मी भी चाय देकर वहीं बैठी रहती और फिर हम सब आपस मे बाते करते। फिर एक बार जब मम्मी चाय देने आई तो मैं बीवी को घोड़ी बनाकर चोद रहा था। ये देखकर मम्मी कमरे में चाय रखकर चली गई और हमे कुछ नहीं कहा। पहले मम्मी बीवी को बस डांटती ही रहती थी लेकिन अब वो बीवी से काफी प्यार से बोलने लगी थी। हमे चुदाई करते हुए मम्मी ने देख लिया था तो फिर बीवी ने मम्मी को बताया के वो मर्दों से सेक्सी बातें करती हैं तो वो काफी गर्म हो जाती हैं तो फिर किये बगैर नहीं रह पाती हैं। फिर ये सुनकर मम्मी हँसकर बोली के अभी तुम जवान हो खूब मजे करो। फिर बीवी मम्मी को मर्दों से जो बातें करती उनके बारे में भी थोड़ा थोड़ा बताने लगी। जिस कारण अब वो और मम्मी दिन भर बाते करती रहती। मेरी मम्मी काफी समझदार है तो वो सब कुछ बहुत जल्दी समझ गई। बीवी की सेक्सी बातें सुनकर मेरा लंड भी खड़ा ही रहता था तो फिर मैं भी मम्मी से बिल्कुल शर्म नहीं करता और मेरा मन करता तब बीवी की चुदाई कर देता। कई बार जब बच्चे घर पर नहीं होते तो तब मैं नहाकर आता तो फिर नंगा ही बाथरूम से बाहर आ जाता और मम्मी के सामने ही अपने लंड को हिलाता रहता। मुझे इससे कोई फर्क नहीं पड़ता था के मम्मी मुझे ऐसे देखकर क्या सोचती होगी।

 

फिर इस तरह सब कुछ बहुत मजे से चलने लगा और पैसों की बारिश होने लगी। जिससे हम सब बहुत ज्यादा खुश थे। फिर बीवी मम्मी के सामने ही मर्दों से फोन पे बातें करने लगी। बीवी उनसे काफी सेक्सी बातें करती और चुत, गाँड और चुदाई जैसे शब्द बोलती। कई बार तो बीवी स्पीकर ऑन करके मम्मी को भी उनकी बातें सुनाती। मम्मी को भी ये सब बातें सुनकर अब कुछ खास फर्क नहीं पड़ता था। बीवी ने अपने लिए ऑनलाइन काफी सेक्सी ड्रेसेस मंगवाई। जिन्हें वो अक्सर वीडियो कॉल के टाइम पहनती। फिर वो सब ड्रेस बीवी ने मम्मी को भी दिखाई। दिन में तो मम्मी बच्चों के साथ रहती और वो जब सो जाते तो हमारे पास ऊपर आ जाती। इसी तरह रात को भी बच्चों के सोने के बाद मम्मी हमारे पास आ जाती। बीवी रात को मर्दों से वीडियो कॉल पर बात करती तो मम्मी भी देखती। फिर मम्मी कई बार हमारे पास ही सो जाती। बीवी का टाइम अब लगभग मर्दों से फोन पे बात करने में ही गुजरता। बच्चे दिन में एक दो बार ऊपर बीवी के पास चले जाते और बाकी टाइम पढ़ते रहते या खेलते रहते।

 

 फिर खाना वगेरह भी मम्मी ही बनाने लगी। खाने बनाते टाइम मम्मी को बहुत पसीना आ जाता जिससे कि मम्मी के कपड़ो में से मम्मी के बोबे दिखने लग जाते। लेकिन तब मेरा ध्यान मम्मी की तरफ इतना नहीं था। फिर एक बार मम्मी खाना बनाकर बीवी को खाना देने ऊपर गई और जब बीवी ने मम्मी का ये हाल देखा तो फिर बीवी ने मम्मी को अपनी एक ड्रेस पहनने के लिए दी। जो कि नेट वाली थी और उसमें से सब दिखाई देता था। मैं भी तब कमरे में ही था। फिर मम्मी पहले तो वो ड्रेस पहनने से मना कर दिया। फिर बीवी बोली के मम्मी अब हमसे क्या शर्म। हम दोनों तो वैसे भी आपके सामने नंगे ही रहते है और बच्चे छोटे हैं। अगर आप ऐसी ड्रेस पहनोगी तो फिर मैं भी पहन लूँगी ताकि बच्चों को भी अजीब नहीं लगेगा। फिर बीवी के कहने पर मम्मी ने वो ड्रेस पहन ली और उस ड्रेस में मम्मी की चूत को छोड़कर सब साफ दिख रहा था। फिर मम्मी थोड़ी देर तो शरमाई लेकिन फिर नॉर्मल हो गई। फिर जब बीवी ने भी वैसी ही ड्रेस पहनी और फिर वो दोनों जब नीचे गई तो बच्चे उन दोनों को देखते ही रह गए पर बोले कुछ नहीं। लेकिन कुछ दिन बाद सब नॉर्मल हो गया। अब मम्मी बीवी की बाकी और ड्रेस भी पहनने लगी। जिसमे वो काफी सेक्सी लगती।

अब दिन और रात बीवी हमारे साथ ही रहने लगी और उन्हें भी अब उन मर्दों की बातों सुनकर मजा आने लगा था। मैं और मम्मी बच्चों को बारी बारी से देखभाल करने लगे। ऊपर एक ही बेड था तो हम तीनों एक बेड पर ही सो जाते। फिर एक दिन रात को मैं मम्मी की तरफ करवट करके सोया था और बीवी पीछे से मेरी पीठ से चिपक कर सो रही थी और और मम्मी की मेरी तरफ पीठ थी तो मैं मम्मी से चिपक कर सोया था। फिर रात को मेरा लंड खड़ा हो गया तो मैं मम्मी की गांड की दरार में लंड डालकर मसलने लगा। मम्मी में तब पैंटी वगेरह नहीं पहनी हुई थी। फिर मैंने एक हाथ से मम्मी के बोबो को सहलाने लगा। फिर मम्मी भी जाग गई थी लेकिन वो बोली कुछ नहीं। फिर मैंने लंड मम्मी के दोनों पैरों के बीच मे डाल दिया और रगड़ने लगा। मम्मी की भी सिस्कारियाँ निकलने लगी। 

 

मुझे भी फिर जाग आ गई और मुझे भी पता चल गया था। लेकिन फिर भी मैं करता रहा। फिर मैंने एकहाथ से मम्मी की गर्दन अपनी तरफ घुमाई और मम्मी से लिप किस करना शुरू कर दिया और मम्मी भी मेरा साथ देने लगी। फिर तभी बीवी पेशाब करने के लिए उठी तो उसने लाइट जलाई और तभी मैं झड़ने वाला हुआ तो मैंने लंड मम्मी के दोनों पैरों के बीच से निकाल लिया और फिर मम्मी अपने एक हाथ से मेरा लंड हिलाने लगी। फिर मैं झड़ने लगा तो मेरे लंड से पिचकारियां चलने लगी और मम्मी का हाथ भी मेरे पानी से भर गया। मम्मी और मैं हांफ रहे थे और बीवी सामने खड़ी ये सब देख रही थी। फिर झड़ने के बाद मम्मी खड़ी हुई और पेशाब करने चली गई। फिर पीछे पीछे मैं और बीवी भी चले गए। फिर मम्मी ने पहले अपना हाथ धोया और फिर एक कपड़ा लेकर अपनी चुत पोंछने लगी। मम्मी की चुत पर बहुत सारे बाल थे। फिर मम्मी हमारे सामने ही बैठकर पेशाब करने लगी और फिर बीवी भी पेशाब करने लगी। मैं खड़ा खड़ा अपने लंड को पानी से धोने लगा। फिर हम एक दूसरे से कुछ नहीं बोले और फिर वापिस आकर लेट गए। मम्मी और बीवी मेरे से चिपक कर लेटी हुई थी। फिर बीवी मेरे लंड को सहलाने लगी। फिर मम्मी ने मुझसे पूछा के अब ठीक लग रहा हैं क्या। फिर मैं बोला के हां। फिर हम सो गए।

फिर सुबह उठे तो मैं और मम्मी नीचे आ गए। फिर मम्मी ने चाय बनाई और फिर मुझे दी और फिर बीवी को देकर आई। तब मैंने लूँगी पहन रखी थी और मम्मी ने बीवी की एक शार्ट ड्रेस पहन रखी थी। मम्मी की उम्र ज्यादा नहीं है और मम्मी का बदन पूरा भरा हुआ है और गाँड और बोबे भी बड़े है तो मम्मी देखने मे एक दम सेक्सी माल है। फिर मम्मी बीवी को चाय देकर आकर झाड़ू लगाने लग गई। तब तक बच्चे सोये हुए ही थे। फिर मैं फ्रेश होकर आया तो अपनी लूँगी उतार दी और फिर ऐसे ही घूमने लगा। तब मेरा लंड आधा खड़ा था। मम्मी झाड़ू लगा रही थी तो गर्मी के कारण मम्मी को काफी पसीना आ गया था। फिर ये देखकर मैंने मम्मी से वो ड्रेस उतारने के लिए कहा। तो फिर मम्मी ने वो ड्रेस उतार दी और मुझे दे दी। फिर मैं वो ड्रेस अपनी नाक के पास ले जाकर मम्मी के बदन की खुशबू लेने लगा और साथ मे अपना लंड सहलाने लगा। फिर मैंने वो ड्रेस खूंटी पर टांग दी और मम्मी के पास जाकर मम्मी से पीछे से चिपक गया और दोनों हाथों से मम्मी के बोबे दबाने लगा और पीछे से लंड गाँड पर रगड़ने लगा। फिर मम्मी भी मेरा साथ देने लगी। पास में ही बच्चे सोये थे पर हम दोनों अपनी ही मस्ती में मस्त थे।

फिर मैंने मुम्मू को अपनी तरफ घुमा लिया और मम्मी के बोबो को चुसने लगा और मम्मी के बदन के पसीने को चाटने लगा। फिर मैं पास की चारपाई पर मम्मी को अपनी गोद मे लेकर बैठ गया और बोबो को चुसने लगा। तभी मम्मी बोली के बच्चों का ट्यूशन जाने का टाइम हो गया है। फिर मम्मी मेरी गोद से खड़ी होकर बच्चो को जगाने लगी और मैं नंगा ही उपर चला गया। ऊपर गया तो बीवी एक मर्द से बात कर रही थी तो मैं उनकी बातें सुनने लगा। फिर काफी देर बाद मुझे ध्यान मम्मी का ध्यान आया तो फिर मैं नंगा ही नीचे चला गया और फिर इधर उधर देखा और फिर बच्चों को पुकारा तो फिर मम्मी किचन से निकलकर बोली के वो ट्यूशन चले गए। मम्मी तब पसीने से पूरी भीगी हुई थी तो मैंने फिर से मम्मी को पकड़ लिया और मम्मी के बोबे सहलाने लगा। मैं मम्मी के पूरे बदन को चाटने लगा और मम्मी के पसीने को चुसने लगा।

फिर मैं चारपाई पर बैठ गया तो मम्मी मेरे सामने नीचे बैठकर मेरा लंड सहलाने लगी। लेकिन मैं झड़ ही नहीं रहा था तो मम्मी दोनों हाथों से मेरा लंड पकड़कर कस कस कर सहलाने लगी। फिर तभी बीवी ऊपर से नीचे आ गई तो फिर मम्मी बीवी से बोली के इसका पानी निकल ही नहीं रहा हैं। फिर बीवी मेरे सामने आकर बैठ गई और लंड को मुँह में लेकर चुसने लगी। फिर मम्मी कुछ देर तो हमे देखती रही। बीवी भी मेरा लंड चूसते चूसते थक गई। फिर मम्मी तो खड़ी होकर हमारे सामने ही बैठकर नहाने लगी और मैं बीवी को घोड़ी बनाकर चोदने लगा। मैं लगातार मम्मी को देखे जा रहा था और बीवी की गाँड मार रहा था। फिर कुछ देर बाद मैं झड़ गया तो फिर मैं और बीवी भी नहाए और फिर हमने खाना खाया। फिर मम्मी और बीवी तो अंदर जाकर बैठ गई और बातें करने लगी और मैं बाहर बैठ गया और फोन देखने लगा।

 

मैंने बीवी के लिए एक रबड़ का नकली लंड और एक वाइब्रेटर मंगवाया हुआ था। फिर बीवी ऊपर से वो लेकर आई और फिर कमरे में चली गई। फिर कुछ देर बाद में अंदर गया तो मम्मी ने एक हाथ मे वो रबड़ का लंड पकड़ रखा था और मम्मी पैर फैलाकर बैठी थी और बीवी मम्मी की चुत में वाइब्रेटर डाल रही थी। लेकिन मम्मी की चूत पर काफ़ी बाल थे तो फिर बीवी मम्मी को लेकर बाहर आ गई और फिर मम्मी की चुत के बाल काटने लगी और फिर बाल हटाने वाली क्रीम लगा दी। जिससे कि मम्मी की चूत एक दम चिकनी हो गई जैसे मम्मी अभी कुंवारी ही हो। मैं भी मम्मी की चूत देखता ही रह गया। फिर बीवी ने मम्मी की चुत में वाइब्रेटर डाल दिया। उसका रिमोट मेरे पास पड़ा था तो मैं वो रिमोट उठाकर वाइब्रेटर चालू कर दिया तो मम्मी को एकदम झटका सा लगा और फिर मम्मी वो वाइब्रेटर निकालने लगी तो बीवी ने मम्मी को नहीं निकालने दिया। फिर मैं वाइब्रेटर की स्पीड बढ़ाने लगा तो मम्मी को मजा आने लगा और मम्मी का बुरा हाल हो गया।

फिर मैंने वाइब्रेटर की फुल स्पीड कर दी तो मम्मी जोर जोर से उछलने लगी। मम्मी को देखकर मैं और बीवी जोर जोर से हँसने लगे। फिर कुछ देर बाद मम्मी झड़ गई तो मैनें मम्मी की चुत से वाइब्रेटर निकाला तो उस पर मम्मी का पानी लगा था। फिर मैं उसे धोने के बहाने ले गया और फिर उस पर लगा मम्मी का पानी चाट लिया और फिर उसे धोकर ले आया और फिर से मम्मी की चुत में डाल दिया। फिर बीवी तो ऊपर चली गई और मैं और मम्मी नीचे ही रहे।

 

फिर हम दोनों अंदर जाकर लेट गए और मम्मी रबड़ के लंड को अपने हाथ मे लेकर देखने लगी। फिर तभी बच्चे आ गए तो मैंने अपने लंड को कपड़े से ढक लिया और मम्मी नंगी ही खड़ी होकर चली गई। फिर मम्मी बच्चों को नहलाने लगी तो फिर मैंने वाइब्रेटर चालू कर दिया तो मम्मी ने मेरी तरफ देखा। फिर मैं कभी स्पीड बढ़ाता तो कभी कम कर देता। फिर मम्मी बच्चों को नहलाकर उन्हें नंगा ही कमरे में ले आई।

 

तब बच्चे भी नंगे, मैं भी बस नंगा ही था और ऊपर बीवी नंगी थी और मम्मी तो नंगी थी ही। इस प्रकार हम सब नंगे थे। फिर मम्मी ने उन्हें कपड़े पहनाए और फिर उन्हें खाना खिलाया और फिर उन्हें साथ लेकर लेट गई और उन्हें सुलाने लगी। तब तक वाइब्रेटर मम्मी की चूत में ही था तो मैं वाइब्रेटर की स्पीड कम ज्यादा करने लगा तो मम्मी बार बार अपनी चुत को सहला रही थी। फिर मैंने भी अपने लंड से कपड़ा हटा लिया और सहलाने लगा। फिर कुछ देर बाद जब बच्चे सो गए तो मम्मी मेरे पास आकर लेट गई और तब मैंने वाइब्रेटर की स्पीड फुल कर दी तो मम्मी ने मेरे लंड को कसकर पकड़ लिया और बिस्तर पर इधर उधर लोटने लगी। फिर मैं मम्मी के बोबो को चुसने लगा और मम्मी की चूत को सहलाने लगा। फिर मम्मी उस नकली लंड को लेकर अपनी चुत में डालने लगी तो फिर मैंने मम्मी के कान में धीरे से कहा के तुम्हारी चुत में पहले मेरा लंड ही जायेगा फिर ही कोई दूसरा लंड जाएगा।

 

 फिर ये सुनकर मम्मी ने उस लंड को साइड में रख दिया। मम्मी तब बुरी तरह से तड़प रही थी और फिर मम्मी झड़ गई तो शांत हो गई। मम्मी झड़ी तो मम्मी की चूत का पानी बाहर आने लगा तो मैंने मम्मी की टांगे फैलाकर वाइब्रेटर को अंदर से निकाल लिया और फिर मम्मी की चुत को चाटकर साफ कर दिया। फिर मम्मी मुझ से चिपक कर लेट गई। फिर मैंने मम्मी से ऊपर चलने के लिए कहा तो फिर मम्मी ने एक हाथ मे नकली लंड और दूसरे हाथ मे वाइब्रेटर लेकर मेरे आगे आगे चलने लगी। मैं पीछे से मम्मी की गाँड देखकर देखता ही रह गया। फिर हम कमरे में गए तो बीवी किसी से बात कर रही थी और फिर मम्मी के हाथ से उस नकली लंड को लेकर अपनी चुत में डाल लिया और अंदर बाहर करने लगी। फिर मम्मी मुझसे बोली के इस नकली लंड और वाइब्रेटर के कारण अब तेरे लंड को काफी आराम मिल जाता होगा। मम्मी के मुँह से लंड सुनकर मैं हैरान हो गया। फिर मैंने मम्मी से दोबारा बोलने के लिए कहा तो मम्मी ने शर्माकर कहा के लंड। फिर मैंने मम्मी से बिना शर्म के थोड़ा स्टाइल से लंड बोलने के लिए कहा तो मम्मी ने वैसे ही बोल दिया। अपनी माँ के मुँह से ये सुनकर मैं गर्म हो गया और मेरा लंड खड़ा हो गया। फिर मम्मी बीवी के सामने ही मेरा लंड पकड़कर सहलाने लगी। फिर बीवी ने फोन स्पीकर पर डाल दिया तो मैं और मम्मी उनकी बातें सुनने लगे। फिर थोड़ी देर के बाद बीवी ने फोन काट दिया। फिर हम बातें करने लगे। फिर बीवी ने अचानक मम्मी से किसी मर्द से बात करने के लिए कहा तो फिर मम्मी कुछ नहीं बोली। 

 

शायद उनकी हां थी। फिर मैंने भी मम्मी से कहा के मम्मी तुम बिना किसी शर्म और डर के बात करना। फिर बीवी ने एक मर्द को फोन मिलाकर मम्मी को दे दिया। तो पहले तो मम्मी की आवाज ही नहि निकल रही थी लेकिन फिर धीरे धीरे मम्मी बात करने लगी। फिर वो मम्मी से मम्मी के बोबो और गाँड की साइज पूछने लगा तो फिर मम्मी ने बता दिया। फिर उसने पूछा के मेरा लंड लोगी क्या तो फिर मम्मी ने पुछा के तुम्हारा लंड कितना बड़ा है तो फिर वो बोला के 10 इंच का है तो फिर मम्मी बोली के इतना बड़ा तो मेरी चुत में नहीं आ पायेगा। इसी प्रकार मम्मी उससे बात करती रही। उनकी बातें सुनकर मैं गर्म होता जा रहा था। फिर मम्मी ने उससे काफी देर बात करने के बाद फोन काट दिया। तब तक मैं काफी गर्म हो चुका था तो फिर मैं मम्मी के ऊपर आया और मम्मी की चुत में लंड डाल दिया। मम्मी कई सालों बाद चुदवा रही थी तो मम्मी को थोड़ा दर्द हुआ लेकिन मैं करता रहा। फिर मैंने लंड बाहर निकाला तो देखा के लंड पर खून लगा था तब मुझे ऐसे लगा के जैसे मैंने किसी कुंवारी चुत को ही चोदा हैं। फिर मैं फिर से मम्मी की चुदाई करने लगा। फिर मैंने मम्मी को घोड़ी बनाकर करने लगा। फिर मैं मम्मी का गाँड का छेद चाटने लगा और फिर लंड गाँड में डाल दिया तो मम्मी को काफी दर्द हुआ। जिससे मम्मी जोर से चिल्लाई लेकिन मैं नहीं रुका और करता रहा। फिर मैं कुछ देर बाद झड़ने वाला हुआ तो फिर मैं मम्मी की गाँड में ही झड़ गया। फिर मैंने देखा के मम्मी रो रही थी और मम्मी की आंखों से आंसू निकल रहे थे। फिर मैंने मम्मी को अपने सीने से लगाया। कुछ देर बाद मम्मी शांत हो गई। फिर मम्मी को नींद आ गई और फिर शाम को ही जाग आई।

 

 फिर जब शाम को उठी तो मम्मी की चूत सूज के डबल रोटी बन गई थी और मम्मी से चला भी नहीं जा रहा था। फिर मैंने मम्मी को टेबलेट वगेरह दी और बीवी ने मम्मी की गाँड की सिकाई की। तब जाकर मम्मी को आराम मिला। फिर उस दिन खाना वगेरह बीवी ने ही बनाया। फिर उस दिन शाम को मैंने मम्मी की चूत गाँड फिर से मारी। लेकिन इस बार मम्मी ने मजे से चुदवाया। फिर इसके बाद तो मम्मी भी मर्दों से बातें करने लगी और मजे लेने लगी। फिर मैंने बच्चों को कुछ दिन के लिए अपने ननिहाल भेज दिया। फिर हम तीनों ही घर पर रह गए तो फिर तो मैं जब चाहे मम्मी और बीवी की चुदाई कर लेता। फिर मैंने वीडियो चैट पर भी दूसरे मर्दों के सामने मम्मी को चोदा। उन्हें मम्मी काफ़ी पसंद आने लगी तो फिर मम्मी से बात करने वालो की संख्या भी बढ़ने लगी। फिर मम्मी से बात करने के लिए हमने एक दिन की फीस 10,000 रुपये रख दी तो फिर भी काफी लोग मम्मी से बात करना चाहते थे। फिर मम्मी एक दो से बात करने लगीं और साथ मे उन्हें वीडियो चैट पर अपने बदन के दर्शन करवाती। फिर मैंने मम्मी को भी एक अच्छा फोन लेकर दे दिया था। फिर हमारी महीने की कमाई इतनी हो गई के पूछो मत।

फिर मैंने एक रबड़ का नकली लंड और वाइब्रेटर और मंगवा लिया। फिर मर्दों से बात करते टाइम बीवी और मम्मी उसे अपनी चुत में डालकर अंदर बाहर करती रहती और मजे लेती रहती। मेरा जब मन करता तो फिर मैं अपना लंड उनकी चुत में डाल।देता। अब मम्मी भी बात करने लगी थी तो अब बीवी और मम्मी दोनों मिलकर घर का काम करके जल्दी से निबटा देती। वो काम करती तब मैं वाइब्रेटर उनकी चुत में डाल देता और फिर उनके मजे लेता रहता। फिर वो गर्म हो जाती तो फिर मर्दों से और ज्यादा अच्छे से बात कर पाती। मेरी मम्मी काफी धार्मिक महिला है तो फिर उन्होंने कुछ पैसे मंदिर वगेरह में दान करने के लिए कहा तो मैं कुछ पैसे गांव के मंदिर में दे आया। मम्मी पहले रोज सुबह सुबह गांव के मंदिर में जाती थी। वो मंदिर थोड़ा दूर था तो साथ मे सुबह सुबह घुमाई भी हो जाती थी। फिर एक दिन हम सुबह सुबह जल्दी उठ गए थे तो फिर मम्मी मंदिर जाने लगी तो फिर मैंने भी मम्मी से साथ चलने के लिए कहा तो मम्मी बोली के आ जा चल। 

 

फिर मैंने मम्मी को वाइब्रेटर दिया तो फिर मम्मी ने उसे अपनी चुत में डाल लिया और फिर कपड़े पहनकर हम मंदिर जाने लगे। रास्ते मे मैंने वाइब्रेटर लौ स्पीड पर चालू कर दिया और मंदिर पहुंचने तक ऐसे ही रखा। फिर मम्मी हाथ जोड़कर भगवान से प्राथर्ना करने लगी तो मैंने वाइब्रेटर की स्पीड बढ़ा दी तो फिर मम्मी ने मेरी तरफ देखा और मुस्कुराने लगी। लेकिन फिर मैंने वाइब्रेटर बंद कर दिया और फिर मम्मी ने भगवान से प्राथना वगेरह की और फिर हम वापिस आने लगे तो फिर मैंने वाइब्रेटर की स्पीड बढ़ा दी। जिससे कि घर आते आते मम्मी बिल्कुल गर्म हो गई। फिर घर आते ही मम्मी कपड़े खोलकर नंगी हो गई और फिर मेरा पायजामा खोलकर मेरा लंड हिलाने लगी। फिर मैंने मम्मी की चूत से वाइब्रेटर खींचकर निकाला तो चुत से पानी टपकने लगा। फिर मैं अपने लंड को मम्मी के मुँह ओर मसलने लगा तो फिर मम्मी मेरा लंड मुँह में लेकर चुसने लगी। थोड़ी देर चुसने के बाद मम्मी घोड़ी बन गई तो फिर मैं मम्मी की चूत और गाँड मारने लगा। मुझे तो कई बार यकीन ही नहीं होता था के मैं मम्मी की चुदाई कर रहा हूँ। चोदते टाइम में मम्मी की गाँड मार मारकर लाल कर देता। मम्मी को हार्ड चुदाई पसंद है तो फिर मम्मी भी खूब मजे लेती। फिर मैं मम्मी को जमकर चोदता।

 

अब मैं बीवी से ज्यादा मम्मी की चुदाई करने लगा था। फिर बस इसी तरह चलता रहा और बीवी और मम्मी के चाहने वालो की संख्या बढ़ती गई और हमारे पास रुपयों का ढेर लगता गया। मम्मी उन मर्दों से मेरे सामने ऐसी ऐसी बातें करती के मैं मम्मी को चोदे बगैर रह ही नहीं पाता था। फिर एक बार तो हम मंदिर जा रहे थे तो मम्मी बहुत गर्म हो गई थी। फिर मैंने रास्ते मे ही मम्मी को झाड़ियों के पीछे ले जाकर घोड़ी बनाकर चोदा। फिर हम मंदिर जाकर आये। फिर बच्चे ननिहाल से आ गए तो फिर मैंने बच्चों को वीडियो गेम लाकर दे दिया। जिससे बच्चे सारा दिन उसमें ही लगे रहते और मैं, मम्मी और बीवी मजे करते रहते। हमारे पास काफी पैसे हो गए तो फिर जब लोकडाउन थोड़ा खुला तो इधर उधर बात करके मैंने कुछ दिनों के अंदर ही कई प्लाट ले लिए और फिर एक घर भी ले लिया। फिर मैं मम्मी और बीवी को वो घर दिखाने ले गया तो उन्हें भी वो घर काफी पसंद आया। फिर हमने घर के लिए सारा सामान नया खरीद। फर्नीचर वगेरह और बर्तन आदि सब कुछ नया लिया। फिर मैंने कहा के लोगो से इस घर के बारे में क्या बोलेंगे। फिर मम्मी बोली के तू कह देना के तुझे इस घर की रखवाली के लिए रखा। ताकि हम इस घर मे आराम से रह सकेंगे और कोई हम पर शक भी नहीं करेगा। मुझे मम्मी का आईडिया काफी पसंद आया। फिर हमने एक नई गाड़ी भी ले ली और उसमें फिर लॉकडाउन खुलने पर मम्मी और बीवी को घुमाने ले गया। बच्चों के स्कूल फिलहाल नहीं खुले थे तो वो घर पर ही रहते थे। लेकिन अब उनका कमरा अलग था। तो हमे कोई दिक्कत नहीं थी।

मैं लूँगी में ही रहता और मम्मी और बीवी नंगी ही रहती थी। बीवी और मम्मी का नंगा रहना अब नॉर्मल सा हो गया था तो बच्चों को अब ज्यादा अजीब नहीं लगता था। घर काफी बड़ा था तो मैंने मम्मी और बीवी को घर मे जहां मन करता वहां चोद लेता। अब हम साथ ही सोते तो मैं बीवी और मम्मी की एक साथ चुदाई करता। बीवी और मम्मी भी एक दूसरे के बदन को चाटती चूमती और मजे करती। बीवी और मम्मी ज्यादा कुछ काम नहीं करती थी जिस कारण उनका फैट बढ़ गया था। फिर मैंने उनके और अपने लिए घर पर ही एक छोटा सा जिम खोला। फिर हम उस जिम में एक्सरसाइज करते। फिर हम तीनों ने सुबह सुबह मॉर्निंग वॉक पर जाना शुरू कर दिया। वाक पर जाते टाइम बीवी शॉर्टस पहनती और मम्मी टीशर्ट और नीचे हाफ पैंट पहनती। फिर जब ऐसे कपड़े पहनकर हम वाक पर जाते तो बाकी लोग हमें देखते तो मम्मी को तो पहले पहले थोड़ी शर्म आती जब ज्यादा उम्र के लोग उन्हें ऐसे कपड़ो में देखते। लेकिन फिर सब कुछ ठीक हो गया।

फिर बीवी और मम्मी के पास चुदाई के आफर आने लगे और लोग कहते के हमारे साथ एक रात बिता लो तुम्हें मालामाल कर देंगे। लेकिन वो दोनों मना कर देती। बच्चों पर नजर रखने के लिए और घर की सुरक्षा के लिए हमने घर मे कैमरे वगेरह लगवा लिए। फिर अगर बच्चे सारा दिन वीडियो गेम खेलते रहते तो हम तीनों में से कोई जाकर उन्हें डांट कर आता और फिर वो पढ़ने लग जाते। फिर रात को मैं और मम्मी बच्चों के साथ सोने लगे और दिन में बीवी उनके साथ कुछ टाइम रहती ताकि बच्चों का अच्छे से ध्यान रखा जा सके।

फिर सर्दियाँ आ गई और लॉकडाउन भी खुल गया था। तो फिर हमने घूमकर आने का प्लान बनाया। फिर मैंने कहा के कहाँ घूमकर आये तो बीवी बोली के गोआ चलते है। इसी बहाने हवाईजहाज में भी सफर कर लेंगे। फिर बीवी ने ऑनलाइन ही हमारे टिकट्स बुक कर लिए। फिर हमने बच्चों को ननिहाल भेज दिया और फिर हम शॉपिंग करने गए। बीवी ने अपने लिए जीन और टॉप लिया और मम्मी के लिए भी वैसे ही कपड़े लिए। फिर वो दोनों ब्यूटी पार्लर के पास गई और अपने बाल स्ट्रैट करवाये और फुल बॉडी वैक्सिंग करवाई। जिससे उनके बदन बिल्कुल चिकने हो गए और वो पहले से ज्यादा सेक्सी दिखने लगी। उन्हें ऐसे देखकर मुझसे नहीं रहा जाता था तो मैं दिन में कई बार उनकी चुदाई कर देता। हम गोआ जाने के लिए काफी उत्साहित थे। हवाईजहाज में जब हमने पहली बार सफर किया तो हमे काफी मजा आया। फिर गोआ पहुंचकर हमने एक लक्ज़री होटल में कमरा बुक किया। 

 

वो होटल काफी शानदार था। फिर हम गोआ में कई जगह घूमकर आये। फिर बीच वगेरह पर जाने के लिए बीवी ने अपने लिए बिकिनी ली और मम्मी के लिए भी ली। फिर जब वो दोनों बिकिनी पहनकर कमरे से निकली और बीच तक गई तो उन्हें पता नहीं कितने लोगों ने देखा। पर वहां पर बिकिनी पहनना आम बात है तो उन दोनों को ज्यादा अजीब नहीं लगा। फिर बीच पर पहुंचकर हमने खूब मस्ती की और समुंदर के पानी मे खूब खेले। फिर ये सिलसिला लगातार कई दिनों तक चला। हमने काफी मजे किये। फिर हम एक दिन पब वगेरह में गए तो वहां सब नशे में एक दूसरे के साथ डांस कर रहे थे तो फिर हम भी डांस करने लगे। फिर वहां कई मर्दों ने बीवी और मम्मी के बदन सहलाये और मैंने भी कई लड़कियों के साथ मजे किये। हम जिस होटल में रुके थे वहां काफी मात्रा में विदेशी लोग भी थे। उनमें कई अफ्रीकन थे जो कि काफ़ी लंबे चौड़े थे। मम्मी और बीवी पोर्न वीडियो देखती थी तो उनमें लड़कियां काले मर्दों से कैसे मजे करती थी ये उन्होंने देखा था। फिर उन अफ्रीकन को देखकर मम्मी और बीवी की चूत फड़कने लगी थी। फिर हमने इस बारे में बात की तो फिर मैं बोला के ये दूसरे देश से है और दोबारा मिलने वाले नहीं है अगर तुम इनसे चुदवा लो तो भी कोई फर्क पड़ने वाला नहीं हैं। फिर ये सुनकर बीवी और मम्मी काफी खुश हो गई।

फिर बीवी ने हँसकर मुझहसे कहा के आप भी किसी लड़की को पटा लेना और मजे करना। फिर मम्मी बोली के हां तुम भी किसी दूसरी लड़की को चोद लेना वरना तुम हमे दूसरे मर्दों से चुदवाते हुए देखोगे तो तुम्हारा बुरा हाल हो जाएगा। फिर मैं बोला के तुम दोनों को दूसरे मर्दों से चुदवाते देखकर मुझे बहुत आएगा। फिर मम्मी बोली के तो देख लेना। फिर बीवी और मम्मी मर्दों को पटाने के लिए ऐसी बिकिनी पहनी के उसमें से उनका पूरा बदन लगभग दिखाई दे रहा था। फिर वो दोनों होटल में घूमती तो सब मर्द उन्हें देखते। फिर वो दोनों जल्दी ही दो मर्दों के साथ सेट हो गई। फिर वो दोनों मर्द उन्हें बीच ओर घुमाने ले गए तो मैं भी उनके पीछे पीछे चला गया। फिर थोड़ी देर बीच पर घूमने के बाद वो दोनों बीवी और मम्मी को चोदने लगे। उनके काले लंड बीवी और मम्मी की गोरी चूत में अंदर बाहर होते देखकर मैं काफी गर्म हो गया और लंड हिलाने लगा। फिर उन्होंने एक राउंड पूरा किया तो बीवी और मम्मी ने उनका लंड चूसकर फिर से खड़ा कर दिया। फिर वो उन्हें घोड़ी बनाकर चोदने लगे।

 

 जिसे देखकर तो मैं काफी ज्यादा गर्म हो गया और फिर झड़ गया। झड़ने के बाद मैं वहां से आ गया और पूल में स्विमिंग करने लगा। तब दोपहर का टाइम था तो वहां कम ही लोग थे। वहां एक बहुत ही खूबसूरत लड़की थी जो कि धूप में लेटी हुई थी। फिर मैं भी उसके पास जाकर लेट गया। मैं उसे देखे जा रहा था। फिर मेरा लंड खड़ा हो गया तो मैं अपना लंड सहलाने लगा। फिर जब उसने ये देखा तो वो सब समझ गई। फिर वो खड़ी हुई और मेरा हाथ पकड़ कर मुझे अपने कमरे में ले गई। कमरे में जाते ही मैं उससे लिपट गया और फिर हम नंगे होकर चुदाई करने लग गए। मैंने उसे काफी कसकर चोदा तो वो बहुत खुश हुई और मुझे इंग्लिश में कुछ बोलने लगी। लेकिन मुझे समझ मे नहीं आया। फिर मैंने उसे कई बार और चोदा और फिर मैं उसके कमरे से बाहर आ गया तो फिर मुझे बीवी और मम्मी उन काले मर्दों के साथ आती हुई दिखाई दी। उन्होंने एक दूसरे की कमर में हाथ डाल रखा था और वो काफी खुश दिखाई दे रही थी। फिर उन्होंने मुझे देख लिया तो मैंने उन्हें कमरे में आने का इशारा किया तो फिर वो कमरे में आने लगी और उनके साथ वाले दोनों अफ्रीकन भी अपने कमरे की तरफ जाने लगे।

फिर हम कमरे में पहुंचे तो बीवी और मम्मी एक दूसरे से बातें करने लगी और कहने लगी के आज तो बहुत मजा आया उन दोनों से चुदवाकर। फिर मम्मी ने मुझसे पूछा के तुम्हे कोई मिली क्या। मैं बोला के हां अभी उसे ही चोदकर आ रहा हूँ। फिर बीवी बोली के फिर तो बढ़िया हैं। अब हम अगले कुछ दिनों तक अपने अपने पार्टनर के साथ ही मस्ती करेंगे। फिर हम तीनों नहाकर बेड पर लेट गए। फिर वो दोनों मुझसे चिपक कर सो गई और बीवी मेरा लंड हिलाने लगी तो मेरा लंड खड़ा हो गया। फिर मम्मी मेरे मुँह पर आकर बैठ गई और अपनी चुत मुझसे चटवाने लगी और बीवी मेरा लंड चुसने लगी। फिर मैंने बारी बारी से उन दोनों को चोदा और फिर कुछ देर के लिए सो गए। फिर शाम को उठे तो बीवी और मम्मी उन अफ्रीकन के पास जाने के लिए तैयार होने लगी। फिर शाम हो गई तो वो दोनों पूरी सज संवरकर उनके पास चली गई। फिर मैं भी अपने पार्टनर के पास गया और उसे लेकर अपने कमरे में आ गया। फिर हमने रात भर अपने अपने पार्टनर के साथ मस्ती की। फिर मेरी पार्टनर सुबह जल्दी ही अपने कमरे में चली गई तो फिर मैं कमरे से बाहर आकर खड़ा हो गया और समुंदर का नजारा देखने लगा। तभी मैंने बीवी और मम्मी को आते देखा वो भी बिल्कुल नंगी। ये देखकर मैं काफी हैरान हो गया। फिर वो मेरे पास आई तो मैंने उनसे पूछा के वो नंगी क्यों हैं तो फिर बीवी बोली के मम्मी ने कहा के हम नंगी कमरे तक नंगी ही जाएगी। यहां कौन देखने वाला है और देख भी लेगा तो क्या फर्क पड़ेगा। ये सुनकर मैं हँसने लगा और मम्मी से कहने लगा के मम्मी तुम पर तो पूरी जवानी चढ़ गई है। फिर मम्मी हँसने लगी। फिर अगले कई दिनों तक हम ऐसे ही मस्ती करते रहे। फिर वापिस आने से पहले बीवी और मम्मी ने काफी शॉपिंग की और अपने लिए शार्ट ड्रेस, ब्रा, पैंटी और पता नहीं क्या क्या लिया और फिर हम वापिस आ गए। अब हम सबके मुँह पर एक अलग ही स्माइल थी। हम तीनों ही काफी खुश थे।

फिर आने के बाद मैने खर्चे का हिसाब लगाया तो हमने 15 दिनों में 10 लाख रुपये खर्च कर दिए थे। ये जब मैंने बीवी और मम्मी को बताया तो वो हँसकर बोली के इतने पैसे तो हम फिर से कमा लेंगी। फिर वो दोनों वापिस फोन पर और वीडियो कॉल पर मर्दों से बात करने लगी। पहले वो दोनों मास्क पहनकर वीडियो कॉल पर बात करती थी। लेकिन फिर लोग कहने लगे के वो मास्क हटाकर वीडियो कॉल पर बात करे। तो फिर इस पर हमने विचार विमर्श किया। फिर बीवी बोली के इसके लिए हम ज्यादा पैसे लेंगे। फिर मम्मी बोली के किसीको पता चल गया तो। फिर बीवी बोली के हम कौनसा सारे मर्दों से बात करने वाली है। हम पैसे ही इतने मांगेंगे के जो दे सकेगा वो ही बात करेगा और ऐसे बहुत कम होंगे। फिर बीवी ने मुँह दिखाकर बात करने के लिए 50,000 फीस रख दी। इतनी फीस रखने के बाद भी काफी लोग उनसे बात करना चाहते थे। फिर बीवी और मम्मी जो फीस दे देता उससे अपना मुँह दिखाकर बात करने लगी और उन्हें पूरे मजे देती और साथ मे खुद भी मजे लेती। ये देखकर मैं गर्म हो जाता तो फिर मैं मास्क लगाकर कैमरे के सामने ही उनकी चुदाई करने लग जाता। ये देखकर तो वो मर्द और भी गर्म हो जाते। मैं मास्क पहनकर उनकी चुदाई करता था। इस प्रकार पता नहीं कितने ही मर्दों के सामने बीवी और मम्मी की चुदाई की। लेकिन हमने कमाई भी बहुत की। इससे हमने करीब 3 महीनों से पहले ही एक करोड़ रुपया कमा लिया और फिर उन पैसों को मैंने ऐसी जगह इन्वेस्ट किया जहां से मुझे महीने के कुछ न कुछ रुपये आते रहे। मैंने कई प्लाट ले लिए और फिर मैं प्रॉपर्टी डीलर का काम करने लगा।

अब मम्मी और बीवी पूरा दिन घर और नंगी ही रहती। गोआ से आने के बाद उनकी शर्म तो पता नहीं कहाँ गायब हो गई। सुबह वाक पर जाते टाइम वो दोनों अब बिना किसी शर्म के शॉर्ट्स पहनती तो लोग बस उन्हें ही देखते रहते। फिर मैंने उनसे कहा के वो बाहर ज्यादा छोटे कपड़े पहनकर ना जाये नहीं तो लोग गलत समझ लेंगे। फिर वो दोनों मेरी बात से सहमत हो गई और फिर वाक पर जाते टाइम उन्होंने छोटे कपड़े पहनना बंद कर दिए।

हमारे घर के पीछे काफी खाली जगह पड़ी थी तो वो दोनों वहाँ नंगी ही घूमती रहती और कई बार तो जब सुबह अखबार आ जाता तो मम्मी तो नंगी ही जाकर घर के आगे से अखबार उठाकर ले आती। वो कहती के कौन इतनी सी देर के लिए कपड़े पहने। हमने घर पर ही जिम बना रखा था तो वो दोनों नंगी ही एक्सरसाइज करती। बच्चों के आने के बाद भी वो दोनों नंगी ही रहती और बच्चों को अच्छे से समझा दिया के घर मे जो कुछ वो देखे वो बाहर किसी को ना बताए। हम बच्चों को खेलने के लिए वीडियो गेम और खाने के लिए काफी कुछ लाकर देते तो बच्चे तो बस अपने आप मे ही मस्त रहते उन्हें कुछ पता ही नहीं चलता के घर पर क्या हो रहा है। मैं और मम्मी बच्चों के साथ सोते तो हम एयर कंडीशनर का टेम्परेचर बिल्कुल कम कर देते और फिर रजाई लेकर सोते। मम्मी तो नंगी ही होती और मैं सिर्फ हाफ पैंट में होता तो फिर मैं भी नंगा हो जाता और फिर मैं मम्मी से चिपक कर सो जाता और पीछे से लंड मम्मी की गाँड में डालकर चुदाई करता रहता। एक बार तो बच्चे वीडियो गेम खेलने में मस्त थे तो मैंने मम्मी को घोड़ी बनाकर चोदा और उन्हें पता तक नहीं चला।

शाम को खाना खाने के बाद मैं, मम्मी और बीवी घर के आगे बने लॉन में नंगे ही टहलते। अंधेरा होने के बाद किसी को क्या पता चलता है के कपड़े पहने है या नंगे ही घूम रहे है। एक बार तो बीवी और मम्मी बिल्कुल नंगी घर के मैन गेट के बाहर जाकर सड़क पर खड़ी हो गई। तब सब तरफ अंधेरा था तो किसी को पता नहीं चला।

भरपुर चुदाई से और जिम वगेरह करने से मम्मी पहले से ज्यादा स्लिम हो गई पर उनके बोबे और गाँड उतने ही रहे। जिस कारण वो काफी ज्यादा सेक्सी लगती। बीवी का बदन भी पहले से काफी ज्यादा भर गया था और वो भी कमाल दिखने लगी थी। फिर इसी तरह मस्ती मजे में हमारी जिंदगी बीतने लगी।

 

अब बीवी और मम्मी एक एक दिन का एक एक लाख रुपया तक कमाने लगी थी। वो दोनों अब काफी एक्सपर्ट हो गई थी। उन्हें पता था के मर्द को किस तरह खुश रखना है तो वो दिल खोलकर उन्हें पैसा देते। फिर हमारे पड़ोस में एक और घर था। जो पहले तो खाली था लेकिन फिर उसे एक आदमी ने खरीद लिया। वो रिटायर आई ए एस अधिकारी था। फिर वो आकर रहने लग गया और फिर धीरे धीरे हमारे बीच बातें होने लगी। वो काफी अच्छा आदमी था। उसकी एक ही बेटी थी जो कि फिलहाल अमेरिका में अपने पति के साथ रहती थी और वो आदमी अकेला रह रहा था। उसका नाम नारायण देशमुख था। हम सुबह वाक करने जाते तो वो हमें मिल जाता तो फिर हम वाक साथ मे ही करते और काफी बातें भी करते। इस प्रकार हमारा मेलजोल बढ़ने लगा।

 

 फिर एक दिन जब हम वॉक करके घर आये तो मम्मी ने मुझे बताया के नारायण जी उनसे प्यार करते है और शादी करना चाहते है। ये बात सुनकर बीवी काफी खुश हुई। फिर हम तीनों बैठकर इस बारे में सोचने लगे के क्या किया जाए। फिर मैंने मम्मी से कहा के आप पापा के जाने के बाद अकेली रही हो और वो भी अकेले है और काफी अच्छे आदमी हैं और मैं भी तुम दोनों को एक साथ नहीं खुश रख पाऊंगा। फिर मम्मी बोली के ये सब तो ठीक है लेकिन हमारी बिरादरी वाले क्या कहेंगे। अगर मैं शादी कर लूँगी तो। हम तो यहां शहर में रहते है लेकिन जब कभी रिश्तेदारी में जाएंगे तो क्या होगा। फिर बीवी बोली के क्या फर्क पड़ता हैं कोई कुछ भी कहे। आप शादी कर लो। कब तक आप लोगो के साथ बात करके अपने अकेले पन को काटती रहेगी। हम नारायण जी से खुलकर बात कर लेते है। फिर सब समस्या अपने आप हल हो जाएंगी। फिर मैं बोला के तो मैं कल ही नारायण जी को घर पर बुला लेता हूँ और फिर सब बात कर लेंगे।

फिर उस दिन मैं मम्मी की शादी की बात को सुनकर थोड़ा उदास था। क्योंकि मुझे मम्मी को चोदने में बहुत मजा आता था और मम्मी भी खूब मजे करती थी। फिर उस दिन मैंने दिन में मम्मी से कई बार किया और फिर रात को बच्चों के सोने के बाद मैं मम्मी को दूसरे कमरे में ले जाकर कई घंटों तक लगातार चोदता रहा। फिर मम्मी मुझहसे बोली के अगर तू नहीं चाहता तो मैं नहीं करूँगी शादी। फिर मैं बोला के मैं अपनी खुशी के लिए तुम्हारी खुशी दांव पर नहीं लगा सकता। नारायण जी अच्छे आदमी है वो आपको बहुत खुश रखेंगे। फिर मम्मी ने मुझसे कान में कहा के तू शादी के बाद भी मुझे ऐसे ही चोदना। आखिर तू मेरा बेटा है। मौका मिलने पर हम खूब मस्ती करेंगे। ये सुनकर मैं काफी खुश हुआ। फिर हम फिर से चुदाई करने लगे और फिर जमकर चुदाई की। मम्मी ने भी मेरा पूरा साथ दिया और फिर हम सो गए।

 

फिर अगले दिन जब हम वॉक पर गए तो मैंने नारायण जी को घर पर आने के लिए कहा। फिर वो मान गए और फिर 10 बजे तक हमारे घर आ गए। हमने भी तब तक पूरी तैयारी कर ली थी और उनका अच्छे से आदर सत्कार किया।

 

फिर हमने बातें करना शुरू किया तो मैंने नारायण जी को बताया के हम नीच जात से है और मम्मी ज्यादा पढ़ी लिखी नहीं हैं। फिर वो बोले के उन्हें जात-पात से कोई फर्क नहीं पड़ता है। फिर वो बोले के आपकी माँ काफी समझदार है जो कि पढ़ी लिखी होने से कई गुना ज्यादा बेहतर है। मम्मी तब वहीं बैठी थी और मम्मी ने तब साड़ी पहन रखी थी और वो उस साड़ी में काफी सेक्सी लग रही थी। मम्मी और नारायण जी एक दूसरे को चोरी छुपे देख रहे थे। फिर मैंने नारायण जी कहा के हमारे इतनी उम्र की औरत शादी नहीं करती है। मुझे शादी से कोई दिक्कत नहीं है लेकिन हमारी बिरादरी के लोग इसे नहीं मानेंगे और हमे बुरा भला कहेंगे। इस कारण हम हमारी बिरादरी को शादी की बात की भनक भी नहीं लगने देंगे और आपको भी इसमें हमारा सहयोग करना होगा। तो ये सुनकर नारायण जी बोले के मैं समझ सकता हूँ। मैं इसमें आपका पूरा सहयोग करूंगा। फिर मैं बोला के तो ठीक है फिर हमें मंजूर है। फिर बीवी ने सबको मिठाई खिलाई। फिर मम्मी नारायण जी को घर दिखाने ले गई और पूरा घर दिखाया और घर दिखाने के बहाने कुछ टाइम एक दूसरे के साथ बिताया। फिर नारायण जी बोले के हम शादी का प्रोग्राम बिल्कुल सिंपल रखेंगे। मेरी बेटी तो अमेरिका में है तो वो तो अभी आ नहीं पाएंगी तो मैं अपने कुछ खास दोस्तों और रिश्तेदारों को बुला लूँगा। फिर मैं बोला के हम किसी को नहीं बुलाएंगे। सिर्फ मैं, बीवी और बच्चे ही होंगे। फिर नारायण जी बोले के ठीक है। फिर नारायण जी चले गए।

फिर नारायण जी मम्मी से फोन पर बातें करने लगें और कई बार वो घर पर ही आ जाते और हमारे सामने ही मम्मी से बाते करते। मम्मी बातें करने में एक्सपर्ट तो थी ही तो नारायण जी मम्मी को बहुत पसंद करने लगे और अब वो मम्मी के बगैर एक पल भी नहीं रह सकते थे तो फिर हमने कुछ दिन बाद शादी की डेट रख दी। नारायण जी ने अपने कुछ दोस्तों और रिश्तेदारों को बुला लिया। हम भी तैयारियां करने लगे। हमने नारायण जी के साथ मिलकर ही शॉपिंग की तो नारायण जी ने मम्मी के लिए काफी कपड़े वगेरह लिए और सोने के काफी जेवरात भी लिए। फिर इसी तरह हमारी तैयारियां चलती रही। मम्मी की शादी का दिन जैसे जैसे नजदीक आ रहा था वैसे वैसे मैंने मम्मी की चुदाई करने का टाइम बढ़ा दिया था। लेकिन मम्मी और बीवी जानती थी के मुझे मम्मी कर जाने का दुख हो रहा था तो उन्होंने कुछ नहीं कहा। फिर शादी से कुछ दिन पहले एक रात को मैंने मम्मी के गले मे मंगलसूत्र डाला और मम्मी की मांग भर कर उन्हें अपनी बीवी बना लिया और फिर हमने उस पूरी रात अपनी सुहागरात मनाई। ये सिलसिला शादी वाले दिन तक चलता रहा।

फिर शादी का दिन आ गया तो मम्मी दुल्हन की तरह तैयार हुई और उधर से नारायण जी भी अपनी छोटी सी बारात लेकर आ गए। फिर हमने उन दोनों की शादी करवा दी। नारायण जी ने घर पर छोटी से पार्टी रखी और नारायण जी की बेटी नहीं आ पाई थी तो उसने वीडियो कॉल के जरिये अपने पापा की शादी देखी। वो भी काफी खुश थी अपने पापा की शादी से। फिर उसने मेरे और बीवी के साथ भी बात की। फिर पार्टी खत्म होने के बाद हम अपने घर आ गए। फिर रात को मैं मम्मी की सुहागरात के बारे में सोचने लगा और गर्म होने लगा। फिर मैं और बीवी चुदाई करने लगे और फिर सो गए।

फिर अगले दिन दोपहर को मैं और बीवी नारायण जी के घर चले गए। फिर नारायण जी ने तो हमसे थोड़ी देर ही बातें की और फिर वो कुछ काम से मार्किट चले गए। बाकी उनके सब मेहमान जा चुके थे तो उनके घर पर हम तीनों और एक नौकरानी थी। फिर वो भी चली गई तो फिर अब हम तीनों ही रह गए। फिर हमने मम्मी से उनकी सुहागरात के बारे में पूछा तो मम्मी ने बताया के नारायण काफी सीधे साधे है। हमने एक बार ही चुदाई की और फिर सो गए। फिर बीवी बोली के अभी तो वो शादि के काम मे लगे थे तो थक गए होंगे। आगे आगे देखना वो कितना चोदते है आपको। ये सुनकर मम्मी हँसने लगी। फिर थोड़ी देर बाद नारायण जी आ गए तो फिर हमने उनसे थोड़ी देर बात की और फिर घर आ गए।

घर आने के बाद बीवी मुझसे बोली के अब आप मम्मी के बारे में सोचना बंद कीजिए। वो अब आपके पास रहेगी और उन्हें आप कभी भी चोद सकते हो। तो उनके बारे में ज्यादा क्या सोचना। अब उन्हें अपनी जिंदगी जीने दीजिए और आप हमारी जिंदगी पर फोकस कीजिये। मुझे बीवी की बात काफी अच्छी लगी और मैं बीवी की बात से सहमत भी था। फिर बीवी ने बच्चों को भी चुदाई के बारे में बताने के लिए कहा ताकि वो कुछ गलत ना कर बैठे और फिर हम भी उनके सामने चुदाई कर सकेंगे। फिर अगले दिन बीवी ने नहाने के बाद बच्चों को पहनने के लिए कपड़े वगेरह नहीं दिए और उन्हें नंगा ही रहने के लिए कहा। तब बेटी की उम्र 12 साल थी और बेटे की 10 साल। फिर मैंने भी अपनी लूँगी उतार दी और अपने लंड को उनके सामने ही सहलाने लगा। मैं तब बेड पर लेटा था तो बीवी उन्हें लेकर मेरे पास आकर बैठ गई और फिर बीवी ने पहले मेरे लंड के बारे में और फिर अपनी चुत के बारे में उन्हें बताया। फिर उनके सामने ही बीवी ने अपनी चुत में मेरा लंड डलवाया और फिर हमने चुदाई की और चुदाई के बाद मैंने अपना पानी बीवी के पेट पर डाल दिया।

 

 फिर बीवी बच्चों से कहने लगी के अगर ये पानी मेरी चुत में चला जाता तो मैं प्रेग्नेंट हो जाती और फिर तुम्हारा एक और भाई या बहन आ जाता। फिर बीवी ने पहले बेटी को समझाया के वो 18 साल से पहले किसी भी लड़के का लंड अपनी चुत में ना डलवाये और कोई उसके साथ कुछ उल्टा करे तो आकर मुझे बताया। फिर बीवी ने बेटे से कहा के वो अपने लंड का ख्याल रखे और इसे ज्यादा हिलाकर पानी ना निकाले। नहीं तो वो कभी बाप नहीं बन पाएगा। फिर इसी तरह मैंने भी उन्हें कई बातें बताई। फिर मैंने उनसे कहा के अगर वो नंगे रहना चाहते हैं तो रह सकते है। पर ये बात कभी किसी को भी ना बताए। ये हमारे घर की सीक्रेट बात है। फिर उस दिन के बाद से हम नंगे रहने लगे। फिर बेटी ने मेरे लंड को छूकर देखा और अपने हाथ मे पकड़ लिया। पहले वो थोड़ी शर्मा रही थी लेकिन फिर वो बिना किसी शर्म के मेरा लंड सहलाने लगी। फिर उसने अपने भाई का लंड भी छूकर देखा और फिर वो उसे चिड़ाने लगी उसका लंड अभी छोटा ही हैं। फिर बीवी ने उसे कहा के ये धीरे धीरे बड़ा हो जाएगा। फिर बेटे ने भी बीवी की चूत सहलाई। फिर बेटे ने बेटी की चुत भी सहलाकर देखी। उस दिन के बाद से फिर हम बिना एक दूसरे से शर्म किये रहने लगे। रात को हम साथ ही सोते तो बेटा बीवी से चिपक कर सोता और बेटी मुझसे। बेटी तो रोज रात को मेरा लंड पकड़कर ही सोती। फिर मैं भी उसकी चुत सहलाता तो वो अपने पैर फैला लेती। 

 

बेटे का लंड भी बीवी और बेटी को नंगी देखकर खड़ा होने लगा था तो ये देखकर बीवी काफी खुश हुई। फिर रात को सोते टाइम बेटा बीवी की गाँड में लंड फंसाकर सोता और कभी कभी तो वो झड़ भी जाता तो बीवी सुबह खड़ी होकर अपनी गाँड और बेटे का लंड साफ कर देती। फिर बीवी उसे ऐसी चीजें खिलाने लगी ताकि उसे कमजोरी ना आये और उसे जिम करने के लिए कहा तो फिर बेटा जिम करने लगा। बेटी मेरा लंड पकड़े रखती थी तो मैंने उसे सहलाने के लिए कहा और जब मेरे लंड से पानी की पिचकारी निकली तो ये देखकर उसे काफी अच्छा लगा। फिर वो मेरा लंड लगभग रोज ही हिलाने लगी। उसे भी अब मजा आने लगा था। मैंने इसके लिए बेटी पर कोई दवाब नहीं बनाया था। वो ये सब अपनी मर्जी से ही करती थी। बेटी के नींबू आकार के बोबो को मैं चुसने लगा था तो फिर वो कुछ दिनों में ही आम जितने बड़े हो गए। फिर बीवी ने मुझे उसके बोबो को चुसने से मना कर दिया और बोली के ये पूरी जवान होगी तो तब तो ये और बड़े हो जाएंगे। लेकिन फिर भी मैं कभी कभी चूस लेता था। फिर मम्मी को भी इस बारे में बताया और बच्चों को भी मम्मी के बारे में सब बताया। फिर मैंने बच्चों के सामने कई बार मम्मी को भी चोदा। बेटा तो कभी कभी कपड़े पहन लेता लेकिन बेटी हमेशा नंगी ही रहती। उसकी चुत पर छोटे छोटे बाल थे। फिर उसके पीरियड आने शुरू हो गए तो फिर बीवी ने उसे पीरियड के बारे में सब कुछ बताया। इस तरह हम अपनी ही जिंन्दगी में मस्त रहने लगे। फिर बीवी ने मर्दों से फोन पर बात करना छोड़ दिया। क्योंकि अब मेरा पास काफी पैसा था। अगर और पैसों की जरूरत होगी तो वो फिर से बात करना शुरू कर देगी।

इसी बीच हमने मम्मी से कुछ बात नहीं कि। फिर एक दिन मम्मी का फोन आया और बताया के वो प्रेग्नेंट हो गई है। ये सुनकर बीवी काफी खुश हुई और मैं भी खुश हुआ। फिर हम दोनों मम्मी से मिलने गए तो मम्मी ने बताया के वो दिन रात चुदाई ही करते रहते है अब तो। मम्मी ने बताया के नारायण जी के लंड अभी भी काफ़ी जान बाकी है। फिर बीवी वापिस घर आ गई। तब नारायण जी घर पर नहीं थे तो मैं मम्मी को घोड़ी बनाकर चोदने लगा और उनकी चुत और गाँड काफी देर तक मारता रहा। फिर हम दोनों चुदाई खत्म करके बैठे ही थे के नारायण जी आ गए। फिर मैंने उन्हें अपनी मम्मी की प्रेग्नेंट होने की उन्हें बधाई दी और फिर मैं भी वापिस आ गया। फिर इसके बाद से मैं मम्मी की 2-3 दिनों से चुदाई करने लगा। इन कुछ महीनों में ही हमारी जिंदगी काफी बदल गई थी। फिर मम्मी को 5 महीना लगा तो मम्मी हमारे पास आकर रहने लग गई और बीवी मम्मी का काफी अच्छे से ध्यान रखती। इसी बीच हमारे कुछ रिश्तेदार हमसे मिलने आये तो उन्होंने मम्मी के बारे में पूछा तो मैंने और बीवी ने कह दिया के वो चार धाम की यात्रा पर गई है और कुछ महीने बाद ही आएगी।

 

फिर अभी कुछ दिन पहले ही मम्मी ने एक सुंदर से लड़के को जन्म दिया। उसे देखकर हम सब काफी खुश हुए। मम्मी अब नारायण जी और अपने बेटे के साथ काफी हंसी खुशी रह रही है।

 

अब दोबारा लॉकडाउन लगा है देश मे। पहले लॉकडाउन से लेकर अब दूसरे लॉकडाउन तक मेरी जिंदगी का सफर काफी अच्छा रहा है। सॉरी दोस्तो मैं ज्यादा डिटेल से नहीं लिख पाया। लेकिन आगे से कोशिश करूँगा के आपको ज्यादा डिटेल से सब कुछ बताऊँ।

 

अब आगे कोई अपडेट होगा तो आपको बताऊंगा। उम्मीद है आपको मेरी कहानी अच्छी लगी होगी। आपका कोई सवाल हो तो कृपया कमेंट करे।

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